सुबह-शाम 4 घंटे पक्की बिजली! MP में ACME Solar का 220MW + BESS प्रोजेक्ट, जानिए क्यों है ये डील खास

मध्य प्रदेश में रिन्यूएबल एनर्जी की दिशा में एक बड़ा और निर्णायक कदम उठाते हुए ACME Solar Holdings Limited को 220 मेगावाट का सोलर प्रोजेक्ट बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) के साथ मिला है। यह प्रोजेक्ट Rewa Ultra Mega Solar Limited (RUMSL) द्वारा Morena Solar Park में दिया गया है। खास बात यह है कि यह सिर्फ सोलर पावर जनरेशन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें सुबह और शाम के पीक टाइम में भरोसेमंद बिजली सप्लाई की गारंटी भी दी गई है। आज जब डिस्कॉम्स को पीक डिमांड में बिजली की सबसे ज्यादा जरूरत होती है, तब यह डील अपने आप में बेहद खास बन जाती है।

ACME Solar’s 220 MW BESS project in MP

ACME Solar का 220MW + BESS प्रोजेक्ट क्या है खास

यह प्रोजेक्ट 220 मेगावाट सोलर क्षमता के साथ आधुनिक बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम से लैस होगा। इसका टैरिफ ₹2.764 प्रति यूनिट तय किया गया है, जो BESS के साथ आने वाले प्रोजेक्ट्स के हिसाब से काफ़ी प्रतिस्पर्धी माना जा रहा है। इस प्रोजेक्ट की कमर्शियल ऑपरेशन डेट 31 दिसंबर 2027 रखी गई है और इसके लिए 25 साल की लंबी Power Purchase Agreement साइन की जाएगी।

सबसे अहम शर्त यह है कि प्रोजेक्ट को सालाना अधिकतम 35% CUF बनाए रखना होगा और हर दिन 4 घंटे की पीक सप्लाई देनी होगी, जिसमें 2 घंटे सुबह और 2 घंटे शाम शामिल हैं। यह सप्लाई 95% वार्षिक उपलब्धता के साथ सुनिश्चित की जाएगी, जिससे ग्रिड को स्थिर और भरोसेमंद बिजली मिलेगी। यह मॉडल दिखाता है कि सोलर + स्टोरेज अब केवल भविष्य की तकनीक नहीं, बल्कि वर्तमान की जरूरत बन चुका है।

सुबह-शाम 4 घंटे पक्की बिजली का पूरा गणित

इस प्रोजेक्ट में BESS का रोल बेहद रणनीतिक है। शाम के पीक टाइम के लिए बैटरी को चार्ज करने की ऊर्जा सीधे सोलर प्लांट से आएगी, जबकि सुबह के पीक टाइम के लिए रात के समय चार्जिंग एनर्जी procurer द्वारा बिना किसी लागत के उपलब्ध कराई जाएगी। इससे प्रोजेक्ट की ऑपरेशनल एफिशिएंसी बढ़ेगी और डिस्कॉम्स को महंगी पीक पावर से राहत मिलेगी।

RUMSL इस सोलर पार्क में 33 kV से ऊपर की जमीन और एवैक्यूएशन इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध कराएगा, जिससे डेवलपर का कैपेक्स दबाव कम होगा। इसके अलावा, कम GST दरों का लाभ और ALMM List-I के अनुरूप मॉड्यूल्स का इस्तेमाल इस प्रोजेक्ट को नीति और रेगुलेशन के लिहाज से भी मजबूत बनाता है। यही वजह है कि यह डील केवल एक सोलर प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि एक फुल-पैकेज एनर्जी सॉल्यूशन बन जाती है।

ACME Solar और MP के लिए क्यों है यह डील गेमचेंजर

ACME Solar Holdings पहले से ही भारत के बड़े रिन्यूएबल एनर्जी प्लेयर्स में गिनी जाती है, जिसका कुल पोर्टफोलियो 8,071 मेगावाट से ज्यादा का है, जिसमें सोलर, विंड, हाइब्रिड और लगभग 17 GWh का BESS शामिल है। इस नए प्रोजेक्ट के साथ कंपनी ने यह साफ कर दिया है कि वह केवल क्षमता बढ़ाने पर नहीं, बल्कि ग्रिड-फ्रेंडली और डिस्पैचेबल रिन्यूएबल एनर्जी पर फोकस कर रही है।

मध्य प्रदेश के लिए यह प्रोजेक्ट इसलिए अहम है क्योंकि इससे राज्य को पीक डिमांड के समय स्थिर बिजली मिलेगी, कोयला आधारित पावर पर निर्भरता घटेगी और एनर्जी ट्रांजिशन को रफ्तार मिलेगी। यही कारण है कि विशेषज्ञ इस डील को भारत में सोलर + स्टोरेज मॉडल के अगले बड़े मील का पत्थर के रूप में देख रहे हैं।

पैरामीटरविवरण
प्रोजेक्ट क्षमता220 MW सोलर + BESS
टैरिफ दर₹2.764 प्रति यूनिट
लोकेशनMorena Solar Park, मध्य प्रदेश
COD31 दिसंबर 2027
PPA अवधि25 वर्ष
सालाना CUFअधिकतम 35%
पीक सप्लाई4 घंटे (2 सुबह, 2 शाम)
वार्षिक उपलब्धता95%

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